अमृतपाल सिंह की लोकसभा सदस्यता संकट में, 46 दिनों से गैरहाजिर होने पर हाईकोर्ट में याचिका
पंजाब के खडूर साहिब लोकसभा क्षेत्र के सांसद अमृतपाल सिंह की संसद सदस्यता संकट में आ सकती है, क्योंकि वह पिछले 46 दिनों से लोकसभा की कार्यवाही से गैरहाजिर हैं। वर्तमान में अमृतपाल सिंह डिब्रूगढ़ जेल में बंद हैं और उन्होंने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की है, जिसमें उन्होंने अपनी गैरहाजिरी के बावजूद लोकसभा की कार्यवाही में हिस्सा लेने की अनुमति मांगी है।
हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई के बाद 25 फरवरी को अगली तारीख दी है और इस दौरान तकनीकी पहलुओं पर चर्चा हो सकती है। याचिका में यह भी कहा गया है कि यदि वह 60 दिनों तक कार्यवाही से गैरहाजिर रहते हैं तो उनकी सदस्यता रद्द हो सकती है। अमृतपाल सिंह के वकील ने यह भी बताया कि उन्हें लोकसभा से एक पत्र प्राप्त हुआ है, जिसमें उनकी गैरहाजिरी की जानकारी दी गई है।
अमृतपाल सिंह ने 14 जनवरी 2025 को “अकाली दल वारिस पंजाब दे” नामक एक नई पार्टी की घोषणा की थी, और उन्हें इस पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया गया। इससे पहले, अमृतपाल सिंह ‘वारिस पंजाब दे’ संगठन के प्रमुख थे, जो पंजाबी अभिनेता दीप सिद्धू द्वारा 2021 में स्थापित किया गया था। सिद्धू की मौत के बाद अमृतपाल ने इस संगठन की कमान संभाली।
अमृतपाल सिंह की सदस्यता और उनकी गतिविधियों को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है, विशेष रूप से उनके खालिस्तान समर्थक रुख और राजनीतिक कदमों को लेकर। अब देखना होगा कि हाईकोर्ट इस मामले में क्या फैसला लेता है और क्या अमृतपाल की संसद सदस्यता जारी रह पाती है।