लुधियाना: 13 अगस्त तक बिजली कर्मचारी सामूहिक छुट्टी पर, 15 अगस्त को रोष मार्च की तैयारी

लुधियाना, 11 अगस्त – पंजाब में बिजली सेवाओं पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं, क्योंकि 13 अगस्त तक बिजली कर्मचारी सामूहिक छुट्टी पर रहेंगे। इसके अलावा, 15 अगस्त को ये कर्मचारी जिला मुख्यालयों पर रोष मार्च निकालेंगे। इस आंदोलन में जेई (जूनियर इंजीनियर), लाइनमैन, क्लर्क, और अन्य तकनीकी व गैर-तकनीकी कर्मचारी शामिल हैं।
इस आंदोलन के चलते बिजली गुल होने की स्थिति में मरम्मत कार्य प्रभावित हो सकता है, जिससे आम जनता के साथ-साथ उद्योगों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।
बारिश और तूफान से हालात और बिगड़ सकते हैं
मानसून के मौसम में अक्सर तेज हवाएं और बारिश के कारण बिजली के खंभे और तारों को नुकसान पहुंचता है। ऐसे में कर्मचारियों के अवकाश पर रहने से तकनीकी खराबियों को ठीक करने में देरी हो सकती है। अनुमान है कि इससे लगभग 40 लाख की आबादी और 60,000 से अधिक उद्योग और व्यापारिक इकाइयां प्रभावित होंगी।
पावरकॉम ने की तैयारी
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पावरकॉम (PSPCL) के चीफ इंजीनियर ने अन्य अधिकारियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं। यह फैसला आपात स्थिति में तेजी से कार्रवाई करने और बिजली सेवाएं बहाल रखने के उद्देश्य से लिया गया है।
आंदोलन के पीछे ये हैं कर्मचारी संगठन की मांगे:
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13% महंगाई भत्ता (DA) तुरंत लागू किया जाए।
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पुरानी पेंशन योजना (OPS) बहाल की जाए।
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वेतन और पेंशन संशोधन में की गई गलतियों को सुधारा जाए।
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बिजली विभाग में निजीकरण की नीति को रोका जाए।
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50,000 पदों पर नियमित भर्ती की जाए।
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पिछले धान सीजन में ड्यूटी के दौरान जान गंवाने वाले कर्मचारियों के परिजनों को मुआवजा दिया जाए।










