चंडीगढ़ जिला कोर्ट में वकीलों का वर्क सस्पेंड, एडवोकेट जॉनी के खिलाफ FIR को लेकर प्रदर्शन

चंडीगढ़, 23 जुलाई: चंडीगढ़ के सेक्टर-43 स्थित जिला अदालत परिसर में आज वकीलों ने वर्क सस्पेंड कर दिया है। यह विरोध एडवोकेट जॉनी के खिलाफ थाना-31 में दर्ज की गई एफआईआर को लेकर किया जा रहा है, जिसे वकीलों ने एकतरफा और गैरकानूनी बताया है।
बार एसोसिएशन ने पुलिस पर आरोप लगाया है कि बिना किसी सूचना के एडवोकेट के घर रेड की गई, जो न्यायिक प्रक्रिया और वकीलों के अधिकारों के खिलाफ है।
क्या है मामला?
एडवोकेट जॉनी ने बताया कि दो दिन पहले गांव बुड़ैल के कुछ लोग अपनी जमीन का कब्जा छुड़वाने गांव फायदा गए थे। वहां विवाद हुआ और बात हाथापाई तक पहुंच गई।
जॉनी का दावा है कि वह केवल झगड़ा छुड़वाने पहुंचे थे और इसका वीडियो सबूत भी मौजूद है।
इसके बावजूद, दूसरे पक्ष की शिकायत पर उनके खिलाफ झूठी FIR दर्ज कर दी गई, जो IPC की विभिन्न धाराओं के तहत की गई है।
रेड को लेकर नाराजगी
जॉनी ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके घर बिना बार एसोसिएशन को सूचित किए रेड की, जो कि स्पष्ट रूप से नियमों का उल्लंघन है। जब उन्होंने इसका विरोध किया तो पुलिस का कहना था कि “उन्हें नहीं पता था कि वह वकील हैं।”
बार एसोसिएशन का कहना है कि यह बहाना गैरजिम्मेदाराना और अस्वीकार्य है।
वकीलों की मांग
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एडवोकेट जॉनी के खिलाफ दर्ज FIR को रद्द किया जाए
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पुलिस द्वारा की गई रेड की जांच हो
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जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए
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वकीलों के खिलाफ बिना सूचना कार्रवाई पर प्रतिबंध लगे
बार एसोसिएशन की चेतावनी
बार एसोसिएशन ने साफ किया है कि जब तक:
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एफआईआर वापस नहीं ली जाती
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पुलिस अपनी गलती स्वीकार नहीं करती
तब तक वकीलों का विरोध और काम बंद रहेगा।










