शुक्रवार को संसद में संविधान पर पक्ष और विपक्ष के बीच चर्चा से पहले राज्यसभा में भारी हंगामा हुआ। विपक्ष ने सभापति जगदीप धनखड़ के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया, जिसका विरोध करते हुए भाजपा सांसद राधामोहन दास अग्रवाल ने विशेषाधिकार हनन का नोटिस दायर किया। इसके कारण स्थिति तनावपूर्ण हो गई और हंगामा शुरू हो गया।
इस दौरान राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ और विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच तीखी बहस हुई। सभापति धनखड़ ने कहा, “मैंने बहुत सहा है। मैं किसान का बेटा हूं, मैं झुकता नहीं हूं। विपक्ष ने संविधान की धज्जियां उड़ा दी हैं।”
इस पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पलटवार करते हुए कहा, “आप हमारी पार्टी के नेताओं का अपमान करते हैं। आपका काम सदन चलाना है, हम यहां आपकी तारीफ सुनने नहीं आए हैं। आप किसान के बेटे हो तो मैं मजदूर का बेटा हूं। अगर आप हमें सम्मान नहीं देते, तो हम भी आपका सम्मान क्यों करें?”
इस गंभीर स्थिति के बाद, सभापति जगदीप धनखड़ ने राज्यसभा की कार्यवाही सोमवार, 16 दिसंबर, सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी। साथ ही, उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को दोपहर 12:15 बजे अपने केबिन में मिलने के लिए बुलाया।
यह घटनाक्रम संसद की कार्यवाही में बढ़ते राजनीतिक तनाव को दर्शाता है, जहां विपक्ष और सरकार के बीच लगातार मतभेद उभर कर सामने आ रहे हैं।