05

स्टॉल की संचालिका इलिसब्बा पन्ना ने लोकल 18 को बताई की लॉकडाउन के समय कुछ काम नहीं थी. इसलिए खाने पीने के लिए भी दिक्कत होने लगी, तब होटल खोलने का मन बनाया. तब से अपने गांव बरिसा, कुंबाटोली में स्टॉल चला रही हूं. ऐसे तो हमारे यहां समोसा, आलू चॉप, ब्रेड चॉप, पकौड़ी भी बनाई जाती है, लेकिन सबसे ज्यादा डिमांड यहां की क्षेत्रीय डिश गुलगुला की है. काफी दूर दूर से लोग यहां इसका स्वाद चखने आते हैं. कीमत की बात करें तो गुलगुला 1 रुपए प्रति पीस की दर से परोसा जाता है. उसके साथ आलू व टमाटर की सब्जी व धनिया पता की चटनी परोसी जाती है.










